बागेश्वर महाराज नें नवरात्र साधना पूर्ण कर किया केन नदी तट पर स्नान, 9 दिनों तक जनकल्याण और हिंदू राष्ट्र की साधना में लीन थे महाराज, भोलेनाथ को जल चढ़ाकर विधि विधान से किया व्रत पारण

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

परिंदा~पोस्ट छतरपुर। नवरात्रि के पावन अवसर पर बागेश्वर धाम पीठाधीश्वर पं. धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भारत को हिंदू राष्ट्र बनाने और जनकल्याण का संकल्प लेकर कठिन साधना की। लगातार 9 दिनों तक व्रत और साधना करने के बाद महाराज श्री ने दसवें दिन छतरपुर की जीवनदायिनी केन नदी के तट पर स्नान कर भगवान भोलेनाथ को जल अर्पित किया और विधिविधान से अपना व्रत पूर्ण किया।

इस अवसर पर बनारस से पधारे विद्वान आचार्य राजा पांडे ने जानकारी दी कि सिद्धपीठ बागेश्वर धाम में नौ दिनों तक शतचंडी यज्ञ आयोजित हुआ। महाराज श्री ने व्रत के दौरान देवी के नौ रूपों की महिमा हजारों श्रद्धालुओं को सुनाई और उन्हें धर्म पालन का संदेश दिया। दसवें दिन महाराज श्री ने केन नदी के तट पर जल, थल और वायु देवताओं का पूजन कर साधना का समापन किया। इसके बाद उन्होंने भगवान शिव को जल चढ़ाकर व्रत का पारण बुंदेली व्यंजनों के साथ किया। उल्लेखनीय है कि बीते वर्ष भी नवरात्र साधना के उपरांत महाराज श्री ने केन नदी तट पर स्नान करके व्रत पूर्ण किया था। इस बार भी साधना और पूजा-अर्चना का यह दिव्य दृश्य देखने के लिए बड़ी संख्या में धर्मप्रेमी उपस्थित रहे।

Parinda Post
Author: Parinda Post

सरहदें इंसानों के लिए होती हैं, परिंदा तो आज़ाद होता है !

और पढ़ें